“तकनीकी युग में हिंदी: भाषा, साहित्य, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और संचार के बदलते आयाम” समकालीन तकनीकी परिवेश में हिंदी भाषा और साहित्य के बदलते स्वरूप का व्यापक एवं शोधपरक अध्ययन प्रस्तुत करने वाली पुस्तक है। डॉ. सरयू शर्मा द्वारा रचित यह पुस्तक हिंदी को सूचना प्रौद्योगिकी, इंटरनेट, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और डिजिटल संचार से जोड़ते हुए उसके वर्तमान एवं भविष्य के आयामों को रेखांकित करती है। पुस्तक में हिंदी भाषा पर तकनीकी प्रभाव, Generative AI, ChatGPT, NLP तथा AI आधारित भाषा उपकरणों की संभावनाओं एवं चुनौतियों का विश्लेषण किया गया है। साथ ही ई-साहित्य, वेब साहित्य, डिजिटल कविता एवं कहानी, सोशल मीडिया में हिंदी और हिंग्लिश के बढ़ते प्रयोग तथा डिजिटल शिक्षा में हिंदी भाषा शिक्षण पर प्रकाश डाला गया है। मशीन अनुवाद, डिजिटल पत्रकारिता और ऑनलाइन संचार के बदलते प्रतिमानों को भी पुस्तक में समाहित किया गया है। इसके अतिरिक्त हिंदी के वैश्वीकरण और तकनीकी माध्यमों द्वारा उसके अंतरराष्ट्रीय विस्तार की संभावनाओं पर विचार किया गया है। पुस्तक का अंतिम अध्याय भविष्य की हिंदी के संदर्भ में कृत्रिम बुद्धिमत्ता, नई भाषा तकनीकों और डिजिटल परिवर्तन की संभावनाओं का विवेचन करता है। यह पुस्तक हिंदी अध्येताओं, शोधार्थियों, शिक्षकों, साहित्यकारों तथा भाषा-तकनीक में रुचि रखने वाले पाठकों के लिए उपयोगी संदर्भ सामग्री के रूप में महत्वपूर्ण है।





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